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राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन (RCA) की एडहॉक कमेटी ने पूर्व कन्वीनर दीनदयाल कुमावत को 24 लाख रुपए की रिकवरी का नोटिस जारी किया है। कमेटी का आरोप है कि कुमावत ने अपने कार्यकाल के दौरान पद का दुरुपयोग करते हुए RCA के फंड से वकीलों को अनुचित भुगतान किया। यह राशि जिला क्रिकेट एसोसिएशन (DCA) सवाई माधोपुर से जुड़े मामलों में वकीलों को दी गई है। RCA बोला- संस्था पर कानूनी खर्च उठाने की कोई जिम्मेदारी नहीं 11 मई 2026 को जारी नोटिस में कहा गया है कि RCA के खातों और वित्तीय रिकॉर्ड की समीक्षा के दौरान यह भुगतान सामने आया। एडहॉक कमेटी ने मामले की जांच के बाद DCA से जुड़े विवाद या मुकदमेबाजी में कानूनी खर्च उठाने की RCA की कोई बाध्यता या जिम्मेदारी नहीं बनती। राशि व्यक्तिगत रूप से वसूलने का निर्णय नोटिस में लिखा गया है- कमेटी ने 24 लाख रुपए दीनदयाल कुमावत से व्यक्तिगत रूप से वसूलने का निर्णय लिया है। दीनदयाल ने कन्वीनर पद का दुरुपयोग करते हुए RCA के फंड का गैर कानूनी तरीके से इस्तेमाल किया है। RCA एक खेल संस्था है और उसके फंड का उपयोग केवल क्रिकेट गतिविधियों के संचालन, विकास और प्रशासनिक कार्यों के लिए ही किया जाना चाहिए। 7 दिन में जमा करने को कहा, कार्रवाई की चेतावनी RCA ने नोटिस के जरिए दीनदयाल कुमावत को 7 दिन के भीतर 24 लाख रुपए जमा कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही चेतावनी दी गई है कि तय समय में भुगतान नहीं किया तो कानूनी और अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। जून 2025 को बनाया था कन्वीनर RCA की कार्यकारिणी को भंग कर सरकार ने 28 मार्च 2024 को एडहॉक कमेटी का गठन किया था। तब भाजपा विधायक जयदीप बिहाणी को कन्वीनर बनाया गया था। सरकार ने 28 जून 2025 को एडहॉक कमेटी में बदलाव किया था। बिहाणी को हटाकर सवाई माधोपुर जिला क्रिकेट संघ के अध्यक्ष दीनदयाल कुमावत को कमेटी का कन्वीनर बनाया गया था। अब दीनदयाल कुमावत को हटाकर भाजपा विधायक जसवंत यादव के बेटे मोहित यादव को कन्वीनर नियुक्त किया गया है। दीनदयाल कुमावत बोले- नोटिस झूठा और दुर्भावनापूर्ण दीनदयाल कुमावत ने कहा- रिकवरी का नोटिस पूरी तरह झूठा, दुर्भावनापूर्ण है। मेरी छवि खराब करने का प्रयास है। 9 माह के कार्यकाल के दौरान मैंने RCA के हित में पूरी ईमानदारी के साथ काम किया। जिन कानूनी भुगतानों को मुद्दा बनाया जा रहा है, वे सभी भुगतान RCA और कन्वीनर पद से जुड़े मामलों में किए गए थे। यह कोई व्यक्तिगत खर्च नहीं था। कुमावत ने कहा कि हाईकोर्ट में कुछ अनधिकृत लोगों द्वारा रजिस्ट्रार सहकारी समिति, जयपुर के खिलाफ याचिका दायर की गई थी। इसमें मुख्य पक्ष RCA एडहॉक कमेटी को बनाया गया था। DCA सवाई माधोपुर मुख्य याचिका में पक्षकार ही नहीं था, तो किए गए भुगतान को DCA सवाई माधोपुर का भुगतान कैसे माना जा सकता है। सदस्यों को भी नोटिस जारी किया जाना चाहिए दीनदयाल कुमावत ने कहा- यदि RCA भुगतान अवैध मान रहा है, तो उस समय हस्ताक्षर करने वाले प्राधिकारी पिंकेश जैन पोरवाल और आशीष तिवारी को भी नोटिस जारी किया जाना चाहिए। साथ ही धनंजय सिंह और मोहित यादव को भी इस मामले में पक्षकार बनाया जाना चाहिए, क्योंकि उन्हें सभी भुगतानों और निर्णयों की जानकारी लगातार मौखिक रूप से दी जाती रही थी। सवाईमाधोपुर जिला क्रिकेट संघ के चुनाव मामले में दो मुकदमे हाईकोर्ट और एक मामला प्रिंसिपल सेक्रेटरी के पास विचाराधीन है। इन्हीं मामलों के संबंध में वकीलों को भुगतान किया गया है। सचिव बोले- नियुक्ति का आधार ही फर्जी रहा है
सवाई माधोपुर जिला क्रिकेट संघ के सचिव पद पर दावा करने वाले डॉ. संगीत गर्ग ने कहा- दीनदयाल कुमावत को पद पर नियुक्ति का आधार ही फर्जी एवं नियम विरुद्ध रहा है। पूर्व में कोर्ट एवं सरकारी आदेशों में इन चुनावों की वैधता पर सवाल उठ चुके हैं। तथ्यों को छुपाकर और गलत जानकारी देकर मान्यता ली गई। जिला संघ से जुड़े कुछ मामलों में दायर मुकदमों की वकील फीस का भुगतान भी RCA के फंड से किया गया। संस्था के पैसे का दुरुपयोग किया गया है। संस्था का पैसा खिलाड़ियों की सुविधाओं पर खर्च होना चाहिए।
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