गंभीर बोले- गेंदबाजों के करियर दांव पर:फ्लैट पिच पर बैट-बॉल में बराबरी जरूरी; 249 रन बनाकर भी हारा भारत


भारत के हेड कोच गौतम गंभीर ने वेस्टइंडीज के खिलाफ दूसरे टी-20 में हार के बाद फ्लैट पिचों पर गेंदबाजों की मुश्किलों पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि बैट और बॉल के बीच बराबरी का मुकाबला जरूरी है, क्योंकि गेंदबाजों के करियर भी दांव पर लगे हैं। गंभीर ने तेज गेंदबाज मयंक यादव को अपनी रफ्तार पर भरोसा रखने की सलाह भी दी। गंभीर इससे पहले भी फ्लैट पिचों पर सवाल उठा चुके हैं। पिछले महीने गुवाहाटी में वेस्टइंडीज के खिलाफ दूसरे वनडे में भारत ने 406 रन का लक्ष्य हासिल किया था। तब गंभीर ने कहा था, “यह क्रिकेट नहीं था, सिर्फ बल्लेबाजी थी।” भारत 249 रन बनाकर भी हारा रांची में भारत ने 5 विकेट पर 249 रन बनाए थे। इसके बावजूद वेस्टइंडीज ने कप्तान शाई होप की नाबाद सेंचुरी और शेरफेन रदरफोर्ड के 84 रन की मदद से 9 गेंद बाकी रहते 6 विकेट से जीत दर्ज की। इस जीत से 5 मैचों की सीरीज 1-1 से बराबर हो गई। गंभीर बोले- गेंदबाज भी हमारे ही हैं गंभीर ने कहा कि सभी चौके-छक्के देखना चाहते हैं, लेकिन गेंद और बल्ले के बीच बराबरी भी जरूरी है। उन्होंने कहा, ‘अगर आप सिर्फ चौके-छक्के देखना चाहते हैं, तो हम भी देखना चाहते हैं। लेकिन अगर आप बैट और बॉल के बीच बराबरी का मुकाबला चाहते हैं, तो हम भी यही चाहते हैं। गेंदबाज भी हमारे ही हैं, उनके करियर भी दांव पर लगे हैं। वे भी मेहनत करके इस ड्रेसिंग रूम तक पहुंचे हैं।’ गंभीर बोले- 250 रन बनाने के बाद भी लक्ष्य नहीं बचा पाए गंभीर ने कहा कि भारत वर्ल्ड चैंपियन टीम है और लगातार सुधार करना चाहती है। फ्लैट पिच और ओस में गेंदबाजी करना मुश्किल था, लेकिन टीम को बड़े स्कोर का बचाव करने का तरीका खोजना होगा। पहले ओवर में 2 विकेट और पावरप्ले में 3 विकेट लेने के बावजूद भारत 250 रन का लक्ष्य नहीं बचा सका। गंभीर ने वेस्टइंडीज की बल्लेबाजी की तारीफ करते हुए कहा कि टीम जीत की हकदार थी। मयंक से बोले- 150 की रफ्तार है तो तेज गेंदबाजी करो लखनऊ में पिछले मैच में महंगे साबित हुए मयंक यादव ने रांची में पावरप्ले के दौरान 3 विकेट लेकर वापसी की। उनके प्रदर्शन पर गंभीर ने कहा, ‘वह तेज गेंदबाज हैं और उन्हें तेज गेंदबाजी करनी चाहिए। वह स्लोअर बॉलर नहीं हैं। अगर आप 150 किमी/घंटा की रफ्तार से गेंदबाजी कर सकते हैं, तो उसी रफ्तार से गेंद डालिए। तेज गेंदबाज होने के नाते तेज गेंदबाजी करना आपकी जिम्मेदारी है। मयंक ने यही किया और इसलिए उन्हें सफलता मिली।’ मयंक ने पहले ओवर में लगातार गेंदों पर कामिल पूरन और शिमरॉन हेटमायर को आउट किया। पावरप्ले के आखिरी ओवर में उन्होंने रोवमन पॉवेल का विकेट भी लिया। हालांकि, इसके बाद शाई होप और शेरफेन रदरफोर्ड की साझेदारी ने भारत की शुरुआती बढ़त खत्म कर दी। श्रेयस बोले- ओस में गेंदबाजी करना मुश्किल था भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने हार के बाद कहा कि ओस के कारण गेंदबाजों के लिए 249 रन का स्कोर बचाना मुश्किल हो गया था। उन्होंने बताया कि पिच पर गलती की गुंजाइश बहुत कम थी। लेंथ में मामूली चूक होने पर भी गेंद सीधे स्टैंड में जा रही थी। श्रेयस ने वेस्टइंडीज के बल्लेबाजों की तारीफ करते हुए कहा कि उन्होंने शानदार बल्लेबाजी की। होप की सेंचुरी और रदरफोर्ड के 84 रन से जीता वेस्टइंडीज भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 5 विकेट पर 249 रन बनाए। संजू सैमसन ने 84, ईशान किशन ने 43, श्रेयस अय्यर ने 40 और तिलक वर्मा ने नाबाद 44 रन बनाए। 250 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए वेस्टइंडीज ने पहले ओवर में 2 विकेट गंवा दिए। इसके बाद शाई होप और रोवमन पॉवेल ने पारी संभाली। होप और शेरफेन रदरफोर्ड ने चौथे विकेट के लिए 120 रन जोड़े। होप ने 45 गेंदों पर नाबाद 102 और रदरफोर्ड ने 37 गेंदों पर 84 रन बनाए। रोमारियो शेफर्ड 34 रन बनाकर नाबाद रहे। होप को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। उन्होंने कहा कि साझेदारी बनने के बाद टीम को लक्ष्य हासिल करने का भरोसा मिला। ——————————————

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