1 घंटे पहले
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पाकिस्तान के बॉलिंग कोच एश्ले नॉफ्के 7 सितंबर 2026 को बर्मिंघम के एजबेस्टन में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान।
पाकिस्तान क्रिकेट टीम के बॉलिंग कोच एशले नॉफ्के ने पद छोड़ने का फैसला किया है। एशियन गेम्स 2026 उनका आखिरी असाइनमेंट होगा। इसके बाद वे नीदरलैंड की पुरुष टीम के हेड कोच का पद संभालेंगे।
रॉयल डच क्रिकेट एसोसिएशन (KNCB) ने नॉफ्के को दो साल के कॉन्ट्रैक्ट पर नियुक्त किया है। उनका करार 2028 के अंत तक रहेगा। उनका पहला बड़ा काम नीदरलैंड को 2027 वनडे वर्ल्ड कप और 2028 टी-20 वर्ल्ड कप के क्वालिफिकेशन के लिए तैयार करना होगा। वह रयान कुक की जगह लेंगे, जिन्होंने परिवार को ज्यादा समय देने के लिए पद से हटने का फैसला किया है।
पिछले साल पाकिस्तान से जुड़े
नॉफ्के अभी पाकिस्तान के एशियन गेम्स अभियान का हिस्सा हैं। पाकिस्तान की पुरुष टीम 28 सितंबर से टूर्नामेंट में उतरेगी और क्वार्टरफाइनल स्टेज से अभियान शुरू करेगी।
नॉफ्के मई 2025 में टीम के सपोर्ट स्टाफ से जुड़े थे। उस समय माइक हेसन को व्हाइट-बॉल हेड कोच बनाया गया था और नॉफ्के को बॉलिंग कोच की जिम्मेदारी दी गई थी।
एशले नॉफ्के पाकिस्तानी बॉलर से बात करते हुए।
PCB ने नया बॉलिंग कोच तलाशना शुरू किया
नॉफ्के के जाने के बाद PCB ने नए बॉलिंग कोच के लिए आवेदन मांगे हैं। बोर्ड ने पद के लिए विज्ञापन जारी कर दिया है।
उम्मीदवार के पास कम से कम लेवल-3 क्रिकेट कोचिंग एक्रेडिटेशन होना जरूरी है। इसके अलावा एलीट क्रिकेटर्स या नेशनल/इंटरनेशनल टीम के साथ समान भूमिका में कम से कम 5 साल का अनुभव मांगा गया है। आवेदन की आखिरी तारीख 8 अक्टूबर 2026 है।
इंग्लैंड दौरे में टेस्ट बॉलिंग की जिम्मेदारी भी मिली थी
नॉफ्के की भूमिका सिर्फ व्हाइट-बॉल क्रिकेट तक सीमित नहीं रही। सितंबर 2026 में इंग्लैंड दौरे के दौरान उन्हें टेस्ट टीम के लिए अंतरिम बॉलिंग कोच की अतिरिक्त जिम्मेदारी दी गई थी।
यह बदलाव इंग्लैंड के खिलाफ शुरुआती दो टेस्ट हारने के बाद हुआ था। PCB ने टेस्ट बॉलिंग कोच उमर गुल को हटाया और नॉफ्के को बाकी सीरीज के लिए जिम्मेदारी दी। हालांकि पाकिस्तान तीसरा टेस्ट भी हार गया और इंग्लैंड ने सीरीज 3-0 से जीत ली।
ऑस्ट्रेलिया के लिए 3 इंटरनेशनल मैच खेले
49 साल के नॉफ्के खुद ऑस्ट्रेलिया के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट खेल चुके हैं। उन्होंने एक वनडे और दो टी-20 इंटरनेशनल खेले।
उनका घरेलू क्रिकेट करियर काफी लंबा रहा। उन्होंने क्वींसलैंड और वेस्टर्न ऑस्ट्रेलिया के अलावा इंग्लैंड की चार काउंटी टीमों- डरहम, मिडिलसेक्स, ग्लॉस्टरशायर और वॉर्सेस्टरशायर के लिए खेला। वह 2008 में IPL के पहले मैच में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के लिए भी खेले थे।
फर्स्ट क्लास क्रिकेट में नॉफ्के के नाम 3,766 रन और 386 विकेट हैं। वह एक सीजन में 500 से ज्यादा रन और 50 विकेट लेने वाले सिर्फ तीन ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों में शामिल हैं।
महिला और पुरुष दोनों क्रिकेट में कोचिंग का लंबा अनुभव
- नॉफ्के ने 2010 के बाद कोचिंग शुरू की। वह वेस्टर्न ऑस्ट्रेलिया में बॉलिंग कोचिंग से जुड़े। इसके बाद क्वींसलैंड बुल्स और ब्रिस्बेन हीट के साथ काम किया।
- 2019 में उन्हें ब्रिस्बेन हीट और क्वींसलैंड फायर की हेड कोचिंग जिम्मेदारी मिली। अपने पहले ही सीजन में उन्होंने हीट को विमेंस बिग बैश लीग का खिताब दिलाया। उन्हें दो बार WBBL कोच ऑफ द ईयर भी चुना गया।
- इसके बाद उनका कोचिंग अनुभव अलग-अलग देशों और फ्रेंचाइजी तक पहुंचा। उन्होंने इंग्लैंड में लंदन स्पिरिट की महिला टीम को कोच किया। उनकी कोचिंग में टीम ने 2024 में पहली बार द हंड्रेड का खिताब जीता। भारत में वह WPL की टीम यूपी वारियर्स के असिस्टेंट कोच और बॉलिंग लीड भी रहे।
- पाकिस्तान से जुड़ने से ठीक पहले नॉफ्के न्यूजीलैंड की घरेलू पुरुष टीम ओटागो वोल्ट्स के हेड कोच थे। जून 2024 में उन्हें यह जिम्मेदारी मिली थी।
नॉफ्के ऑस्ट्रेलिया की बिग बैश लीग में ब्रिस्बेन हीट को कोचिंग दे चुके हैं।
पाकिस्तान के सपोर्ट स्टाफ में लगातार बदलाव
- नॉफ्के का जाना पाकिस्तान के कोचिंग स्टाफ में हाल के महीनों का एक और बड़ा बदलाव है। जुलाई 2026 में फील्डिंग कोच शेन मैकडरमॉट ने पाकिस्तान का साथ छोड़ा और अफगानिस्तान के सेटअप से जुड़ गए।
- इससे पहले मई 2026 में बैटिंग कोच हनीफ मलिक और लंबे समय से टीम के फिजियो रहे क्लिफ डीकोन भी स्टाफ से अलग हो गए थे। अब नॉफ्के के जाने से बॉलिंग विभाग में भी नई नियुक्ति करनी होगी।
- मौजूदा ढांचे में माइक हेसन व्हाइट-बॉल हेड कोच हैं। एशियन गेम्स के लिए नॉफ्के के साथ फील्डिंग कोच मंसूर अमजद, फिजियो मुहम्मद ताहिर, ट्रेनर इमरान उल्लाह और एनालिस्ट-कम-टीम ऑपरेशंस कोऑर्डिनेटर उस्मान हाशमी शामिल हैं।